कैसे करे लड़के का नामकरण कार्यक्रम Anchoring on Baby Boy 1st Program / Naming Ceremony

May 22, 2017
घर पर अगर किसी नन्हे मेहमान का आगमन हो गया तो सारे घर का आलम बदल जाता है। सभी उसके आने की खुशियों में जुड़ जाते हैं। छोटी-छोटी विधी पूजा भी की जाती है। उसी में से एक है नामकरण कार्यक्रम। अगर आप नामकरण कार्यक्रम को यादगार बनाना चाहते हैं तो हमने आपके लिए कुछ कविताएं, शेरो शायरी लिखी है जिसके व्दारा आप आप के नामकरण के कार्यक्रम में चार चांद लगा सकते हैं।

 लड़के के  नामकरण कार्यक्रम की स्क्रिप्ट 
How to Perform Anchoring on Baby Boy 1st Program/Naming Ceremony/Namkaran Program

कैसे करे कार्यक्रम की धमाकेदार शुरुआत 

             हर नया दिन नया सूरज नई रेशमियां अवश्य लेकर आता है। बस ऐसे ही एक रोशनी ने हमारे आंगन में दस्तक दी हैं। बहुत दिनों से हम प्रतीक्षा कर रहे थे, वह पल हमारे जिंदगी में ढेर सारी खुशियां लेकर आया हैं। दादा-दादी अपने वंश को देखने के लिए उत्साहित थे, मां पापा उसे प्यार दुलार करने के लिए रोमांचित थे, बुआ-मासी उसे गोद में लेकर खिलाना चाहते थे, तो प्यारी सी नन्ही सी बहन भाई के कलाई पर रेशम सी ड़ोर बांधने के लिए लालायित थी।
        जी हां हम बात कर रहे हैं, चोरडिया परिवार (आपके परिवार का नाम) की। जिनके आंगन में एक नन्ही आहट ने कदम रखा है। एक प्यारा सा फूल सबका ध्यान अपनी और खींच रहा है। फूल के सुगंध से सारा घर सरोबार हो गया है।
आया है आंगन परिवार का कुलदीपक,
  आने से जिसके ये दुनिया गई है महक ।
     
     
  • दोस्तों...इस तरह शानदार शुरुआत करके आप सबका ध्यान अपनी तरफ केंद्रित कर सकते हैं।
  • आपके लिए हमने कुछ कविताएं और शेरो-शायरी भी बनाई है।
  • बीच-बीच में आप सवाल भी पूछ सकते हैं। जो हमने इसी वेब साइट में आपके लिए बनाये हैं।
  • आप अलग-अलग वन मिनिट गेम्स भी ले सकते हैं।
  • नामकरण के इस कार्यक्रम में आप कोई ड्रेस कोड भी रख सकते हैं।
तो चलिए आगे की स्क्रिप्ट की तरफ बढ़ते हैं :-
कोई भी कार्यक्रम की शुरुआत हम भगवान के स्मरण से करते हैं ।यहां पर हम अपने इष्ट देव का नाम स्मरण खुद कर सकते हैं या किसी और को भी आमंत्रित कर सकते हैं जैसे-

पंच परमेष्ठी को करते हैं हम भावभरी वंदना
नवकार मंत्र कहने के लिए आमंत्रित हैं सपना (आप उस व्यक्ति का नाम ले जो यह कहने वाला है )।

             जीवन में नाम का बहुत ही महत्व है। नाम हमारी पहचान बनाता है हमें अपने नाम से बहुत लगाव होता है। आज इस प्यारे नन्हे बच्चे को हम यही शुभकामनाएं देती हैं, उसका नाम चारों दिशाओं में गूंजे।हर क्षेत्र में वह अपनी पहचान बनाए। अपने नाम से जाना जाए।

जिनका स्मरण करके पूरे हो जाती हैं आशा 
नन्हे-मुन्ने कलाकार लेकर आ रहे हैं देवा श्री गणेशा।

             हमारे नन्हे-मुन्ने कलाकार गणेश वंदना लेकर प्रस्तुत हो रहे हैं - 

इस तरह अलग अलग प्रोग्राम की अनाउंसमेंट आप कर सकते है , बिच बिच में निचे दी गई कविताये, शेरो - शाइरी भी यूज़ कर सकते है :-

नामकरण के कार्यक्रम पर बनाई यह मेरी स्वरचित कविता

कविता नंबर [१]:-

आया हैं आँगन हमारे लेकर सुनहरा सवेरा
"आगम" ने महका दिया है जीवन सारा
मां की आंखों में झिलमिला रहा है करुणा का सागर
पापा हो रहे हैं गदगद अपने बेटे को पाकर
दादा- दादी,नाना- नानी हो जाएंगे उसके संग बच्चे
वाकई में नन्हे मुन्ने लगते हैं कितने अच्छे
रो-रोकर जब करेगा वह सबको तंग
सबको दिख ला देगा वह अपने रंग ढंग
हंसाएगी सबको उसकी शरारती हरकतें
थक जायेंगे ये नैन उस को निहारते निहारते 
धीमी धीमी चाल उसकी लगेगी सबको प्यारी
मीठी मीठी मुस्कान खिलाएगी फुलवारी
हमारे कुल को वो करेगा वह दिपायमान
संस्कारों की मोतियों से पिरोयेंगे गुणों की खान
झूम झूम कर आई हैं द्वार हमारे खुशीयाँ
आप सभी को ढेर सारी बधाइयां बधाइयां।।
anchoring-script-on-baby-boy-naming-ceremony

कविता नंबर [२]:-
 दादा-दादी, नाना-नानी का दमक रहा मन उपवन 
कुलदीपक आया है हमारे आंगन 
                                            मां-पापा की झोली में बरस रहा सुखों का सावन

 कुलदीपक आया है हमारे आंगन 

बुवा-मासी का खुशी से झूम उठा है गगन

कुलदीपक आया है हमारे आंगन

भाई-बहन खेलकूद मस्ती में बिताएंगे जीवन

 कुलदीपक आया है हमारे आंगन 

फूलों की बगिया से महक रहा सब का दामन 

कुलदीपक आया है हमारे आंगन

नामकरण कार्यक्रम की शेरो शायरी 
Shero- shayri on Namakaran Programme

१] आया है आंगन परिवार का कुलदीपक,
anchoring-script-on-baby-boy-naming-ceremony-in-hindiआने से जिसके ये दुनिया गई है महक ।

२] नन्हे-नन्हें कदमों से आ गया नया मेहमान
चोरडीया परिवार की है वह आण बाण और शान 
आगमन से उसके दमक गई हैं बगीयां
सब लुटा रहे हैं उस पर अपनी दिलोंजान।

३] परिवारजनों की खुशियां का ना ही कोई पार
नन्हें-मुन्ने बालकृष्ण पधारें हैं हमारे द्वार
सभी के प्यार स्नेह की ना ही कोई सीमा
यूं ही महकती रहे सदैव खुशियों की बहार। 

४] रामनवमी के दिन पधारे हमारे घर राम 
आप सभी के आशीर्वाद से देते हैं उसे प्यारा नाम।

 दोस्तों.. आशा करती हूं आपको यह नामकरण की स्क्रिप्ट जरूर अच्छी लगी होगी। और भी अलग-अलग विषयों की कार्यक्रमों की स्क्रिप्ट आपको इस वेबसाइट पर मिलती रहेगी।
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